Wednesday, April 22, 2009

तुम से महोबत है ..!!!



चलो मोहब्बत की नए बुनियाद रखते हैं
ख़ुद पाबन्द रहते हैं, तुम्हें आजाद करते हैं

यह सोच कर के गुस्ताखी ना हो जाए मोहब्बत मैं
इस लिए अपना हर क़दम तेरे क़दम क साथ रखते हैं

पलक PG


2 comments:

myloverswish.com said...

Zabt Kabhi Na Kabhi Tu Aajaiga Hamain
Woh Tasalee De Hamain Yeh Zaroori Tu Nahi

Zinda Dil Hain Hans Kar Do Ghum Sah Lainge
Har Ghum Main Tera Saath Ho Yeh Zaroori Tu Nahi

raaaj said...

बहुत ही अच्छी लगी ये रचना …
बहुत-बहुत बधाई…